Old Pension Scheme 2025 – सरकार ने एक बार फिर से पुराने पेंशन स्कीम (Old Pension Scheme) को लेकर बड़ा ऐलान किया है, जिससे करोड़ों कर्मचारियों में खुशी की लहर दौड़ गई है। 2025 से यह स्कीम अब 60% कर्मचारियों के लिए उपलब्ध कर दी गई है, जिनमें केंद्र और राज्य सरकार से जुड़े कर्मचारी सबसे अधिक लाभ उठाएंगे। पहले यह योजना सीमित वर्ग तक ही सीमित थी, लेकिन अब इसके दायरे को बढ़ाकर अधिक कर्मचारियों को शामिल कर लिया गया है। खास बात यह है कि आवेदन प्रक्रिया को बेहद आसान बना दिया गया है, ताकि कर्मचारी बिना किसी झंझट के सिर्फ 10 मिनट में ऑनलाइन फॉर्म भर सकें और योजना से जुड़ सकें। इस स्कीम के जरिए कर्मचारियों को रिटायरमेंट के बाद जीवनभर पेंशन की गारंटी मिलती है, जिससे भविष्य सुरक्षित होता है। बढ़ती महंगाई और आर्थिक असुरक्षा के समय में यह फैसला लाखों परिवारों के लिए राहत लेकर आया है।

Old Pension Scheme 2025 की मुख्य विशेषताएं
ओल्ड पेंशन स्कीम 2025 के तहत अब रिटायरमेंट के बाद कर्मचारियों को जीवनभर पेंशन का लाभ मिलेगा, जिसमें उनकी अंतिम सैलरी का एक बड़ा प्रतिशत शामिल होगा। इस फैसले से उन कर्मचारियों को सीधा फायदा होगा, जिनके लिए भविष्य में आर्थिक सुरक्षा हमेशा चिंता का विषय रहा है। पहले जहां सिर्फ चुनिंदा सरकारी कर्मचारियों को ही इस स्कीम का फायदा मिलता था, वहीं अब लगभग 60% कर्मचारियों को इसमें शामिल किया गया है। इसके अलावा, इसमें विधवाओं, विकलांगों और परिवार के अन्य आश्रितों के लिए भी प्रावधान जोड़े गए हैं। इस स्कीम की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें किसी भी तरह का अतिरिक्त योगदान नहीं देना पड़ता, बल्कि यह सरकार द्वारा पूरी तरह से वित्त पोषित होती है। इससे न केवल कर्मचारियों का भविष्य सुरक्षित होता है बल्कि समाज में भी एक मजबूत सामाजिक सुरक्षा तंत्र तैयार होता है।
10 मिनट में ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया
सरकार ने इस योजना को लागू करने के साथ-साथ आवेदन प्रक्रिया को भी डिजिटल बना दिया है। अब किसी भी कर्मचारी को लंबे कागजी काम या सरकारी दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने होंगे। केवल 10 मिनट में ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से आवेदन किया जा सकता है। इसके लिए कर्मचारी को आधार कार्ड, पैन कार्ड, सर्विस डिटेल्स और बैंक अकाउंट की जानकारी अपलोड करनी होगी। आवेदन करने के बाद एक यूनिक रजिस्ट्रेशन नंबर मिल जाएगा, जिससे वह अपने आवेदन की स्थिति कभी भी चेक कर सकते हैं। इतना ही नहीं, आवेदन स्वीकृत होने पर कर्मचारियों को तुरंत एक डिजिटल सर्टिफिकेट भी जारी किया जाएगा।
कर्मचारियों के लिए बड़ा लाभ
पुराने पेंशन स्कीम को फिर से लागू करने से सबसे बड़ा फायदा कर्मचारियों को उनके भविष्य की चिंता से छुटकारा मिलेगा। अब उन्हें रिटायरमेंट के बाद मिलने वाले पेंशन की स्थिरता पर भरोसा रहेगा। खासकर उन परिवारों के लिए यह राहत की खबर है, जो पूरी तरह से सैलरी और पेंशन पर ही निर्भर रहते हैं। यह फैसला सरकार की उस प्रतिबद्धता को भी दर्शाता है, जिसमें वह कर्मचारियों के हितों को सर्वोपरि मानती है। पेंशन की नियमितता से कर्मचारियों को महंगाई और अनिश्चित परिस्थितियों में भी आर्थिक सुरक्षा मिलती रहेगी।
समाज और अर्थव्यवस्था पर असर
ओल्ड पेंशन स्कीम का पुनः लागू होना केवल कर्मचारियों तक ही सीमित नहीं है, बल्कि इसका सीधा असर समाज और अर्थव्यवस्था पर भी होगा। रिटायर कर्मचारियों के पास पेंशन की गारंटी होने से उनकी खरीद क्षमता बनी रहेगी, जिससे बाजार में मांग और आर्थिक गतिविधियां बढ़ेंगी। इसके अलावा, इससे परिवारों की स्थिरता भी बनी रहेगी क्योंकि पेंशन से न केवल पेंशनर बल्कि उनके पूरे परिवार की आर्थिक जरूरतें पूरी होंगी। सरकार के इस कदम से सामाजिक असमानता कम होगी और मध्यम वर्ग व गरीब वर्ग दोनों को स्थिर भविष्य की ओर बढ़ने का मौका मिलेगा।
