Gold Price 2025 – सोने की कीमतों में एक बार फिर से बड़ा उतार-चढ़ाव देखा जा रहा है। 20 अक्टूबर सोमवार को सोने की कीमत में अप्रत्याशित गिरावट दर्ज की गई है, जिससे आम उपभोक्ताओं से लेकर निवेशकों तक सभी हैरान हैं। जहां एक ओर 24 कैरेट सोना अब तक के उच्चतम स्तर पर पहुंच चुका था, वहीं अब इसमें भारी गिरावट ने बाजार में हलचल मचा दी है। दिल्ली, मुंबई, कोलकाता और चेन्नई जैसे प्रमुख शहरों में 24 कैरेट और 22 कैरेट दोनों की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई है। यह गिरावट अंतरराष्ट्रीय बाजार में डॉलर की मजबूती और सोने की मांग में कमी के कारण आई है।

सोमवार 20 अक्टूबर को 24 कैरेट गोल्ड की कीमत में आई तेज गिरावट
20 अक्टूबर को 24 कैरेट सोने की कीमत में ₹500 से ₹700 प्रति 10 ग्राम तक की बड़ी गिरावट देखी गई। यह गिरावट पिछले सप्ताह की तुलना में अधिक है, जिससे निवेशकों में चिंता का माहौल है। दिल्ली में जहां पहले 24 कैरेट गोल्ड ₹59,800 प्रति 10 ग्राम के आसपास था, अब यह ₹59,100 के स्तर पर पहुंच गया है। इसी तरह मुंबई और अहमदाबाद में भी कीमतों में लगभग ₹600 तक की गिरावट दर्ज की गई है। विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक आर्थिक स्थिति, डॉलर इंडेक्स की मजबूती और अंतरराष्ट्रीय मार्केट में ज्वेलरी की मांग घटने के कारण यह गिरावट आई है।
22 कैरेट सोने की कीमतें भी लुढ़कीं – जानिए आज का लेटेस्ट प्राइस
सिर्फ 24 कैरेट नहीं, बल्कि 22 कैरेट सोने की कीमतों में भी आज भारी गिरावट दर्ज की गई है। 22 कैरेट गोल्ड की कीमत 20 अक्टूबर को ₹54,200 प्रति 10 ग्राम के करीब पहुंच गई, जो पहले ₹54,800 थी। यानी लगभग ₹600 की गिरावट एक ही दिन में दर्ज की गई है। चेन्नई, हैदराबाद, पटना और जयपुर जैसे शहरों में भी 22 कैरेट गोल्ड में ₹500 से ₹700 तक की कमी आई है। यह गिरावट घरेलू ज्वेलरी बाजार की मांग में कमी, डॉलर में मजबूती और शेयर बाजार में हलचल के चलते मानी जा रही है। कई ज्वेलर्स का मानना है कि यह गिरावट अस्थायी है और आने वाले दिनों में कीमतें फिर से बढ़ सकती हैं। इसलिए सोने में निवेश के इच्छुक लोगों के लिए यह एक अच्छा मौका हो सकता है।
क्यों आई है सोने की कीमत में अचानक गिरावट – जानिए मुख्य कारण
सोने की कीमत में आई भारी गिरावट के पीछे कई महत्वपूर्ण कारण हैं। सबसे प्रमुख कारण है अंतरराष्ट्रीय बाजार में डॉलर की मजबूती। डॉलर इंडेक्स के बढ़ने से सोने की कीमत पर सीधा असर पड़ता है, जिससे यह सस्ता हो जाता है। इसके अलावा अमेरिका और यूरोप के सेंट्रल बैंकों द्वारा ब्याज दरों में संभावित बढ़ोतरी की अटकलें भी सोने की कीमत को नीचे खींच रही हैं। वहीं, भारत में त्योहारी सीजन के बावजूद ज्वेलरी की मांग में अपेक्षित तेजी नहीं आना भी कीमतों को प्रभावित कर रहा है। निवेशकों द्वारा बिकवाली की प्रक्रिया भी तेज हो गई है, जिससे बाजार में अतिरिक्त दबाव बना है। इन सभी कारकों ने मिलकर आज के दिन सोने की कीमतों में भारी गिरावट ला दी है।
क्या ये समय है सोना खरीदने का? निवेशकों के लिए अहम जानकारी
जो लोग सोने में निवेश करने की योजना बना रहे हैं, उनके लिए यह समय काफी अनुकूल हो सकता है। जब कीमतें गिरती हैं, तो यह खरीदारी का सबसे बेहतर समय माना जाता है। हालांकि बाजार में उतार-चढ़ाव बना रहता है, लेकिन एक्सपर्ट्स का मानना है कि सोने की कीमत दीर्घकालिक रूप से फिर से बढ़ सकती है। ऐसे में यह गिरावट एक अवसर के रूप में देखी जा सकती है। साथ ही, जिन लोगों की शादियों या त्योहारों के लिए सोना खरीदने की योजना है, वे भी इस समय खरीदारी कर सकते हैं। हालांकि, निवेश से पहले लेटेस्ट रेट्स की जानकारी लेना और ज्वेलरी की गुणवत्ता जांचना जरूरी है।
